Stree hona Kathin!

imagesबुद्ध होना आसान है एक रात चुपके से
घर द्वार स्त्री बच्चे को छोड़ कर
सत्य की खोज में निकल जाना
आसान है,,
क्योंकि कोई उंगली
उठती नहीं आप पर
न ही ज्यादा सवाल पूछे जाते हैं
कोई लांछन नहीं लगाता
शब्दों के बाणों से
तन मन छलनी नहीं किया जाता

लेकिन कभी सोचा है
उनकी जगह एक स्त्री होती तो
वो गर चुपके से निकल जाती
एक रात घर द्वार पति नवजात शिशु
को छोड़ कर सत्य की खोज में
क्या कोई विश्वास करता
उसकी इस बात पर
यातनाएँ तोहमतें लगायी जाती
उसके स्त्रीत्व को लाँछित किया जाता
पूरे का पूरा समाज खड़ा हो जाता
उसके विरुद्ध और
ये होती उसकी सत्य की खोज
बुद्ध होना आसान है
पर स्त्री होना कठिन !!…